अमित शाह ने नीतीश के साथ मिल सीटों का मामला सुलझाया, तो कुशवाहा तेजस्वी से मुलाकात कर खीर बनाने में जुटे

तेजस्वी यादव और मोदी सरकार में मंत्री उपेन्द्र कुशवाहा की मुलाकात के सियासी मतलब निकाले जा रहे हैं, हालांकि केन्द्रीय मंत्री ने इसे संयोग बताया।

New Delhi, Oct 27 : बीते शाम अमित शाह ने ऐलान किया, कि बिहार में जदयू और बीजेपी बराबर सीटों पर चुनाव लड़ेगी, लेकिन इससे पहले केन्द्रीय मंत्री उपेन्द्र कुशवाहा खीर बनाने में जुट गये। कुशवाहा ने अरवल के सर्किट हाउस में बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव से मुलाकात की, जिसके बाद एक बार फिर से चर्चा होने लगी, कि उपेन्द्र कुशवाहा जल्द ही एनडीए छोड़ सकते हैं, वो महागठबंधन में शामिल हो सकते हैं, हालांकि अभी इस बारे में रालोसपा की ओर से कुछ नहीं कहा गया है।

कुशवाहा ने मुलाकात को कहा संयोग
तेजस्वी यादव और मोदी सरकार में मंत्री उपेन्द्र कुशवाहा की मुलाकात के सियासी मतलब निकाले जा रहे हैं, हालांकि केन्द्रीय मंत्री ने इसे संयोग बताया, उन्होने कहा कि राजनीति से जुड़ी हमारे बीच कोई बात नहीं हुई, आपको बता दें कि पहले भी तेजस्वी यादव लगातार उपेन्द्र कुशवाहा को महागठबंधन में शामिल होने का न्योता दे चुके हैं, अब मुलाकात के बाद इस चर्चा ने फिर से जोर पकड़ लिया है।

बराबर सीटों पर लड़ेगी जदयू -बीजेपी
आपको बता दें कि बीती शाम बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने ऐलान किया कि बिहार एनडीए में सीटों का मामला सुलझा लिया गया है, गठबंधन में तय किया गया है कि बीजेपी और जदयू बराबर सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जबकि लोजपा और रालोसपा को भी सम्मानजनक सीटें दी जाएगी, अमित शाह ने कहा कि अगले दो -तीन दिनों में सीटों की संख्या का ऐलान कर दिया जाएगा, उस मौके पर रामविलास पासवान और उपेन्द्र कुशवाहा भी मौजूद रहेंगे।

कुशवाहा जदयू के बराबर सीटें मांग रहे थे
मालूम हो कि पिछले कुछ दिनों से उपेन्द्र कुशवाहा अपने बयानों की वजह से सुर्खियों में थे, वो बीजेपी पर लगातार दबाव बना रहे थे, हालांकि बीजेपी के सख्त तेवर के बाद कुशवाहा थोड़े ढीले पड़े और बयानवाजी करना बंद कर दिया, लेकिन नीतीश सरकार और सीएम पर निशाना साधना नहीं छोड़ा, तय फॉर्मूले के अनुसार बीजेपी उन्हें दो या तीन सीटें दे सकती है, जिस पर कुशवाहा वारगेनिंग करने में लगे हैं।

छोड़ सकते हैं एनडीए
उपेन्द्र कुशवाहा अपने सियासी मूव के लिये जाने जाते हैं, संभव है कि तेजस्वी यादव उनकी पार्टी को 4 या 5 सीटों का ऑफर कर दें, हालांकि बिहार की राजनीति को करीब से समझने वालों का कहना है कि कुशवाहा सीएम बनना चाहते हैं, अगर वो महागठबंधन में जाते हैं, तो उन्हें तेजस्वी को नेता मानना पड़ेगा, क्योंकि लालू पहले ही ऐलान कर चुके हैं, कि तेजस्वी महागठबंधन के सीएम उम्मीदवार होंगे, ऐसे में फिलहाल रालोसपा एनडीए के साथ ही रहेगी, 2020 विधानसभा चुनाव से पहले कुशवाहा कोई बड़ा फैसला ले सकते हैं।